घूस से जुड़े मामले में कानपुर में भी हटाई गईं एसडीएम, एसीएम पति और तहसीलदार पर जांच

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कानपुर। नर्वल तहसील में भूउपयोग परिवर्तन के बदले कानूनगो द्वारा घूस लेने का ऑडियो वायरल होने के मामले में रविवार देर रात एसडीएम नर्वल उपमा पांडेय को हटा दिया गया। उनकी जगह एसीएम तृतीय अमित कुमार ओमर को एसडीएम नर्वल बनाया गया है। उन्होंने सोमवार सुबह तहसील पहुंचकर कामकाज संभाल भी लिया। वहीं, निलंबित किए गए कानूनगो के दोनों क्षेत्रों का चार्ज अन्य को सौंपा गया है।

नर्वल तहसील में कार्यरत कानूनगो शिवकिशोर तिवारी का शुक्रवार रात ऑडियो वायरल हुआ था। इसमें आरोपित कानूनगो भूउपयोग परिवर्तन के बदले 25 हजार रुपये प्रति बीघे की दर से 50 हजार रुपये लेने की बात कर रहा है। ऑडियो वायरल की पुष्टि होने के बाद कानूनगो को निलंबित कर दिया गया था। तहसीलदार नर्वल की तहरीर पर कानूनगो के खिलाफ भ्रष्टाचार का मुकदमा दर्ज कराया गया था। हालांकि, दैनिक जागरण ऐसे किसी वायरल ऑडियो की पुष्टि नहीं करता है।

वायरल ऑडियो में मैडम के नाम पर ही घूस मांगी जा रही है। मैडम व उनके पति एसीएम वरुण पांडेय का भी जिक्र होने के कारण डीएम ने दोनों के खिलाफ जांच एडीएम आपूर्ति डॉ. बसंत अग्रवाल को सौंपी है। अधिकारियों के मुताबिक, भ्रष्टाचार की जांच प्रभावित न हो, इसलिए एसडीएम नर्वल उपमा पांडेय को हटा दिया गया है। तहसीलदार नर्वल अमित गुप्ता ने बताया कि निलंबित कानूनगो शिवकिशोर तिवारी के पास पाली व नर्वल दो सर्किलों का चार्ज था। पाली में सतीश कनौजिया और नर्वल में मुकेश कुमार को अतिरिक्त चार्ज दिया गया है।

वर्षों से जमे लेखपाल कराते भूउपयोग परिवर्तन की सौदेबाजी

नर्वल तहसील में कुछ लेखपालों का सिंडीकेट सक्रिय है। वह वर्षों से एक ही सर्किल में जमे हैं। उन्हें कोई हटा भी नहीं पा रहा है। कुछ नेताओं का संरक्षण प्राप्त लेखपाल भूउपयोग परिवर्तन की फाइलों की सौदेबाजी कराते हैं। वहीं, एक बहुत अर्से से यहीं पर तैनात है, जो इस सिंडीकेट का मास्टर माइंड है। नर्वल में एसडीएम बदले गए और तहसीलदार भी इधर-उधर होते रहे, लेकिन मलाईदार सर्किल में तैनात लेखपालों के सिंडीकेट को कोई नहीं तोड़ पाया। किसी अधिकारी ने इनको हटाने की सोची भी तो अधिकारी ही हटा दिया गया, लेकिन उन्हें कोई छू नहीं पाया।

पाली के एक दर्जन गांवों की भूमि बेशकीमती

पाली सर्किल में नगवां, पिपरगवां, घुरवाखेड़ा, कोरियां आदि एक दर्जन गांव ऐसे हैं, जो शहरी सीमा से जुड़े हैं। यहां प्लाटिंग में लाखों का धंधा होता है। कृषि योग्य भूमि का भूउपयोग परिवर्तित कराने में मानकों को ताख पर रख बड़ी रकम देकर मनचाही रिपोर्ट लगवाई जाती है। इसमें ऊपर से नीचे तक सभी की मिलीभगत होती है।

रिजवाना बनीं एसीएम चार

एसीएम तीन अमित कुमार को एसडीएम नर्वल बनाए जाने के बाद डीएम आलोक तिवारी ने एसीएम चार जियालाल को एसीएम तीन बनाया है। जबकि, अतिरिक्त मजिस्ट्रेट रिजवाना शाहिद को एसीएम चार के पद पर तैनात किया गया है। 

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